मित्रता

" अच्छे समय में मित्रता का आंकलन करना मूर्खता है बुरे समय में ही मित्रता की सही परख संभव है । "

आचार्य उदय

4 comments:

ललित शर्मा-للت شرما said...

बेहतरीन संदेश के लिए आभार आचार्य जी का

जय हो

Udan Tashtari said...

शानदार विचार!

प्रवीण पाण्डेय said...

सच है।

दिगम्बर नासवा said...

ये भी सत्य है .....